गाजियाबाद. नौकरी देने के बहाने हजारों लोगों से कथित तौर पर धोखाधड़ी करने के मामले में एक गिरोह के पांच सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है.

गाजियाबाद. नौकरी देने के बहाने हजारों लोगों से कथित तौर पर धोखाधड़ी करने के मामले में एक गिरोह के पांच सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. पुलिस अधीक्षक (शहर) निपुन अग्रवाल ने सोमवार को मीडियाकर्मियों को बताया कि इन लोगों को चौधरी सिनेमा के निकट से रविवार रात गिरफ्तार किया गया. अधीक्षक ने बताया कि आरोपियों ने अपने अपराध स्वीकार कर लिये हैं और बताया है कि वे नौकरी मुहैया कराने वाली वेबसाइटों (Websites) से बेरोजगार लोगों के मोबाइल नंबर और बायोडेटा हासिल कर लेते थे और उन्हें कॉल करके पंजीकरण करने के लिए कहते थे और उनसे पैसे ऐंठ लेते थे.

बता दें कि दिल्ली एनसीआर में ठगी के मामले इन दिनों बढ़ गए हैं. बीते दिसंबर महीने में नोएडा थाना सेक्टर 24 पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी थी. पुलिस ने 3 शातिर ठगों को गिरफ्तार किया था जो नौकरी के दिलाने के नाम पर भोले भालेलोगों से लाखों की ठगी करते थे. पुलिस को इनके पास से 41,500 रुपये कैश, दस्तावेज, मोबाइल फ़ोन, डेस्कटॉप कंप्यूटर बरामद किया था. तीनों अभियुक्त बड़े ही शातिर किस्म के ठग थे, जो भोले भाले लोगों से नौकरी दिलाने के नाम ठगी करते थे. नोएडा थाना सेक्टर 24 पुलिस ने मोरना बस स्टैंड से गिरफ्तार किया था.

उन्हीं के पैसे से कुछ तनख्वाह दे देता था
पुलिस ने बताया था कि मुख्य आरोपी डॉ बृजेश कुमार वर्मा जो 2019 में आरपीआई (रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया) के टिकट पर मछलीशहर जौनपुर उत्तरप्रदेश से लोकसभा का चुनाव भी लड़ चुका है. आरोपी बृजेश ने 2007 में एक एनजीओ शिल्पी स्वयं सेवा संस्थान रजिस्टर करवाया था. जिसमे वो बेरोजगार लोगों को एक सप्ताह का बिना कोर्स कराए सर्टिफिकेट देता था. फिर उन लोगों से पैसे लेके उनको जाली नियुक्ति पत्र देकर जनपद के अलग-अलग माध्यमिक विद्यालयों में प्रशिक्षण करने के लिए भेज देता था और एक महीना पूरा होने पर उन्हीं के पैसे से कुछ तनख्वाह दे देता था.

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें 

Please Share This News By Pressing Whatsapp Button 

[responsive-slider id=1864]

Related Articles

Close
Avatar